क्या मंत्री, शिक्षा विभाग यह बतलाने की कृपा करेंगे कि:- क्या यह बात सही है कि राज्य में उच्च विद्यालय के रात्रि प्रहरियों का मानदेय 5000 से बढ़ाकर 10000 रुपए कर दिया गया है परंतु मध्य विद्यालय के रात्रि प्रहरियों का मानदेय नहीं बढ़ाया गया है जबकि काम की प्रकृति दोनों की समान है, यदि हाँ तो क्या सरकार मध्य विद्यालय के रात्रि प्रहरियों का भी मानदेय 10000 रुपए करने का विचार रखती है,हाँ तो कब तक, नहीं तो क्यों ?