क्या मंत्री,समाज कल्याण विभाग यह बतलाने की कृपा करेंगे कि:-क्या यह बात सही है कि राज्य में दिव्यांग व्यक्तियों के अधिकारों की सुरक्षा के लिए ‘राज्य आयुक्त निःशक्तता’ की स्थायी नियुक्ति 2021 से ही लंबित है जिससे दिव्यांग कल्याण से जुड़ी अधिनियम के कार्यान्वयन की निगरानी, लंबित शिकायतों के निवारण सहित राज्य निःशक्तता न्यायालय का संचालन भी बाधित है;क्या यह बात भी सही है कि राज्य में 'राज्य दिव्यांगता सलाहकार बोर्ड' पुनर्गठन 2018 से ही लंबित है जिसके कारण दिव्यांगजन के कल्याण के लिए प्रभावी नीति निर्माण और निगरानी, दिव्यांग व्यक्तियों को आत्मनिर्भर बनाने सम्बन्धी कार्यक्रम व सेवाओं की सुलभता सुनिश्चित करने जैसे महत्वपूर्ण कार्य बाधित है;यदि उपर्युक्त खण्डों के उत्तर स्वीकारात्मक है तो क्या सरकार स्थायी रूप से 'राज्य आयुक्त निःशक्तता' को बहाल करने तथा 'राज्य दिव्यांगता सलाहकार बोर्ड' का पुनर्गठन कराने का विचार रखती है,हाँ तो कब तक,नहीं तो क्यों ?