क्या मंत्री, उच्च शिक्षा विभाग, यह बतलाने की कृपा करेंगे कि क्या यह बात सही है कि पाटलिपुत्रा विश्वविद्यालय, पटना के अन्तर्गत डी० एन० कॉलेज, मसौढ़ी में विभागीय निर्देशों एवं शासी निकाय के निर्णय के विरुद्ध सत्र (2009-12) एवं (2013-16) में राज्य सरकार द्वारा बिना सृजित पदों एवं अपूर्ण अहर्ता के Assistant professor एवं कर्मियों को अनुदान की 9.5 करोड़ रूपये की राशि महाविद्यालय के प्राचार्य एवं सचिव द्वारा अवैध तरीके से वितरण किया गया है, यहि हाँ, तो सरकार कबतक दोषी के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई कराने का विचार रखती है, नहीं तो क्यों ?