क्या मंत्री, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग, यह बतलाने की कृपा करेंगे कि:-1. क्या यह बात सही है कि औरंगाबाद शहर स्थित श्री सिमेंट के ग्राइंडिंग यूनिट का वर्ष 2016 ई0 प्रारंभ हुआ;2. क्या यह बात सही है कि उक्त उद्योग द्वारा भू-गर्भीय जल के लगातार दोहण के उपरांत दो-तीन वर्षो के बाद ही औरंगाबाद शहर व आस-पास के इलाकों का गर्मी के दिनों में भूगर्भीय जलस्तर काफी नीचे हो जाने के कारण पेयजल व किसानों को सिंचाई हेतु गंभीर संकट का सामना करना पड़ रहा है;3. यदि उपर्युक्त खंडों के उत्तर स्वीकारात्मक हैं, तो क्या सरकार उक्त ग्राइंडिग यूनिट द्वारा भूगर्भीय जल के दोहन पर रोक लगाने का विचार रखती है, हां तो कबतक, नहीं तो क्यों ?